January 31, 2023

BJP में CM फेस पर वसुंधरा राजे का बड़ा बयान, सियासी गलियारों में बढ़ सकती है हलचल

wp-header-logo-276.png

जयपुर। राजस्थान में अगले होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक दल अपनी-अपनी पार्टी को मजबूत करने में जुटे हुए है। प्रदेश में कांग्रेस के बाद अब बीजेपी में भी मुख्यमंत्री के चेहरे को लेकर पार्टी में खिचतान चल रही है। विधानसभा चुनाव में भाजपा का सीएम फेस कौन होगा, यह अभी तक साफ नहीं हो पाया है। सीएम फेस को लेकर नेताओं के बयान भी सामने आते रहे हैं। कुछ नेता पीएम मोदी और कमल निशान पर चुनाव लड़ने की बात करते हैं, वहीं अब पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने सीएम फेस को लेकर बड़ा बयान दिया है।
जो भी फैसला होगा वो ठीक ही होगा : वसुंधरा राजे
राजस्थान बीजेपी में सीएम फेस को लेकर जारी विवाद के बीच पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने पहली बार मीडिया के सामने चुप्पी तोड़ी। राजे ने मीडिया से कहा कि बीजेपी में जो भी फैसला होगा वो ठीक ही होगा। पार्टी सामूहिक निर्णय करेगी। पार्टी के वरिष्ठ नेता अब तक कई राज्यों के विधानसभा चुनाव में व्यस्त थे। अब सबका ध्यान राजस्थान पर जाएगा। हम सब मिलकर बेहतर फैसला करेंगे।
भारी बहुमत से सत्ता में लौटेगी बीजेपी
राजे ने पत्रकारों के सीएम फेस के सवाल पर कहा कि हमारे यहां तो बहुत क्लीयर है। पार्टी स्तर पर सीएम को लेकर फैसला होगा, जो भी निर्णय होगा ठीक होगा और पूरी पार्टी साथ मिलेगी। अभी तक सभी अपने-अपने चुनाव में इन्वॉल्व थे। एक साल बचा है। राजे ने भरोसा जताया कि बीजेपी भारी बहुमत से प्रदेश की सत्ता में लौटेगी। साथ ही ये भी कहा कि कांग्रेस सीएम फेस को लेकर कन्फ्यूजन है।
उपचुनाव में हार पर कही ये बात
उप चुनाव में बीजेपी की हार को लेकर राजे ने कहा कि हार-जीत होती है। उपचुनाव में हार जीत को नहीं जोड़ सकते हैं। सरदारशहर में उपचुनाव हारे हैं, लेकिन मुख्य चुनाव में हम सरदार शहर में जीतकर आएंगे।
गहलोत सरकार पर बरसी राजे
मीडिया से बातचीत में वसुंधरा राजे ने गहलोत सरकार पर राजस्थान को विकास के मामले में पीछे धकेलने के आरोप लगाए। राजे ने कहा कि हमारी सरकार ने राजस्थान को बीमारू प्रदेशों की श्रेणी से बाहर निकालकर बेहतर स्थिति में लाकर खड़ा कर दिया था। लेकिन कांग्रेस सरकार के नेताओं की आपसी लड़ाई में राजस्थान का विकास ठप हो गया है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार की योजनाएं या तो बंद कर दी गई या फिर उनके नाम बदल दिए गए। पूरे प्रदेश में कानून व्यवस्था के हालात बदतर हैं। गैंगवार की घटनाएं सामान्य बात हो गई है।
हर नागरिक पर 87 हजार का कर्ज
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की कांग्रेस सरकार जाएगी, लेकिन प्रत्येक व्यक्ति पर 87 हजार का कर्ज छोड़कर जाएंगी। ये आज तक का सबसे ज्यादा कर्ज है। यह पूरी तरह से काम का अकाल है।


राजस्थान में कौनसा मुद्दा गहलोत सरकार की असफलता को प्रमाणित करता है ?

View Results


क्या गुर्जर आरक्षण पर गहलोत सरकार द्वारा पारित विधेयक पुराने आश्वासनों का नया पिटारा है ?

View Results
Enter your email address below to subscribe to our newsletter

source

About Post Author