January 30, 2023

बच्चों की एकेडमिक परफॉर्मेंस में लगातार आ रही गिरावट? कहीं इस घातक समस्या का तो नहीं हुए शिकार

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Obesity and Mental Health Risk: मोटापा (Obesity) अपने आप में कोई बीमारी नहीं हैं, लेकिन ये जिन गंभीर बीमारियों का मुख्य कारक है, वो बहुत ही जानलेवा साबित हो सकती हैं। मोटापे के कारण हार्ट अटैक, डायबिटीज, ब्लड प्रेशर जैसी गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ता है। ये तो हुई एक बहुत ही आम सी बात, जो हम सभी ने कहीं न कहीं पढ़ी या सुनी हुई है। क्या आप जानते हैं कि मोटापा दिमागी विकास पर भी बहुत खतरनाक असर डालता है? दरअसल यूनाइटेड स्टेट्स में एमआरआई टेस्ट के एक डेटा का इस्तेमाल करके बच्चों के दिमागी विकास और हेल्थ पर एक स्टडी की गई थी। इस रिपोर्ट से पता चलता है कि जिन बच्चों का वजन ज्यादा है, उनके दिमाग का स्वास्थ्य कम वजन वाले बच्चों की तुलना में खराब होता है।
यूनाइटेड स्टेट्स में हुई इस रिसर्च के मुताबिक, मोटा होने का सीधी संबंध खराब ब्रेन हेल्थ से है। यह बात केवल बच्चों पर ही नहीं बल्कि बड़ों पर भी लागू होती है। 9 से 10 साल के बच्चों पर की गई इस रिसर्च में कुल 11,878 बच्चों के डेटा की जांच हुई थी। जो एडोलिसेंट ब्रेन कॉग्निटिव डेवलपमेंट (Adolescent Brain Cognitive Development) स्टडी से लिया गया था। रिसर्च में स्ट्रक्चरल एमआरआई और रेस्टिंग स्टेट फंक्शनल एमआरआई को एनालाइज किया गया ताकि ब्लड फ्लो में आने वाले बदलावों से ब्रेन की सही एक्टिविटी का पता लगाया जा सके।
मोटापे को लेकर रिसर्च में हुआ ये खुलासा
विशेषज्ञों ने अपनी इस रिसर्च में पाया कि जिन बच्चों का वजन और बीएमआई z-स्कोर से ज्यादा बढ़ा हुआ है। उनके दिमाग में एनाटॉमिकल अब्नोर्मलिटीज हैं। साथ ही, कॉर्पस कैलोसम (corpus callosum) में गिरावट पाई गई थी, जो दिमाग के दोनो हिस्सों के बीच की अहम लिंक का काम करता है। इस स्टडी में ब्रेन के सबसे बाहरी हिस्से कॉर्टेक्स और दिमाग की नलियों में बदलाव और हानि देखी गई थी। रिसर्च के मुताबिक मोटापा, बीएमआई और z-स्कोर सीधा संबंध दिमाग के उन हिस्सों से है, जो कॉग्निटिव कंट्रोल (cognitive control), मोटिवेशन (Motivation) और डिसीजन मेकिंग (Decision Making) में मदद करते हैं।
फिजिकल और मेंटल हेल्थ पर पड़ता है असर
शोध के मुताबिक बढ़े हुए वजन और बीएमआई का संबंध उन नेगेटिव इफेक्ट्स से भी है, जो आपके शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य दोनों पर भारी पड़ते हैं। इन बच्चों का दिमागी विकास बहुत स्लो हो जाता है या कई मामलों में बिल्कुल रुक ही जाता है। विशेषज्ञों ने बताया कि ये शोध पहले की गई उन स्टडीज का एक मैकेनिस्टिक एक्सप्लेनेशन है, जो इस बात को साबित करता है कि मोटापे और हाई बीएमआई का नेगेटिव इफेक्ट बच्चों के दिमाग पर उनके कॉग्निटिव फंक्शन्स (cognitive functions) और एकेडमिक परफॉर्मेंस (academic performance) पर भी पड़ता है।

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