October 3, 2022

Health Tips: योग करते हुए महिलाएं इन बातों का रखें विशेष ध्यान, बेहतर रिजल्ट्स के लिए फॉलो करें आसान टिप्स

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Yoga Tips For Women: कई महिलाएं योगासनों को कठिन मानकर इस दिशा में प्रयास ही नहीं करती हैं, जबकि कुछ बातों का ध्यान रखकर और योग प्रशिक्षक के निर्देशों को पालन कर आप योगाभ्यास की सरलता से शुरुआत कर सकती हैं। योग एक शारीरिक क्रिया है, जो बेहतर स्वास्थ्य और शारीरिक-मानसिक संतुलन बनाए रखने में मदद करती है। योग गुरु सुरेंदर चौधरी ने कहा कि शारीरिक मुद्राओं का अभ्यास किया जाता है, जिसे योगासन कहते हैं। ये योगासन कुछ इस तरीके से किए जाते हैं, जिनका नियमित रूप से अभ्यास करने पर इनसे शरीर में लचीलापन बढ़ता है। ऊर्जा-स्तर और मानसिक शक्ति भी बढ़ती है। लेकिन सभी लाभों को पाने के लिए इसे सही तरीके से करना आवश्यक है। अगर आपने योगाभ्यास की शुरुआत की है या करना चाह रहे हैं तो कुछ बातों (Easy Yoga Tips) का ध्यान रखें।
पूरे मन से करें शुरुआत: अच्छे परिणाम के लिए आवश्यक है कि आप पूरी प्रतिबद्धता के साथ योगाभ्यास की शुरुआत करें। योग को सिर्फ व्यायाम समझ कर न करें। शुरू में इसे सप्ताह में दो या तीन बार करना चाहिए और हर सत्र में आधा घंटा या 20 मिनट ही इसका अभ्यास करें। अभ्यास के दौरान समय के अभाव को बाधा न बनने दें। यानी जब भी अभ्यास करें तो पूरे मन से और सही विधि से करें। जल्दबाजी में अभ्यास न करें।

सांसों पर ध्यान दें: योगाभ्यास के आरंभ में नाक से धीमी, गहरी सांस लें और निकालें। टहलते वक्त भी अपनी सांस लेने और छोड़ने के समय को बढ़ाने की कोशिश करें। इन्हेल और एक्सहेल यानी पूरी सांस लेने और छोड़ने के दौरान कदमों की गिनती का ध्यान रखें। प्रत्येक इन्हेल और एक्सहेल के लिए 10 कदम या इससे अधिक का लक्ष्य रखें।

शांत-सहज स्थिति में रहें: योगाभ्यास के आरंभ में ज्यादातर लोग शांतिपूर्वक बैठना बेहद चुनौतीपूर्ण समझते हैं। मेडिटेशन के अभ्यास से आपको मन की शांति में मदद मिल सकती है। शुरुआत में आपको इस बात को लेकर परेशान नहीं होना चाहिए कि दिमाग में क्या चल रहा है, कैसा अनुभव हो रहा है? शांत होकर सहजता के साथ बैठे रहने का प्रयास करें। विशेषज्ञ से आरंभिक सरल योग मुद्राएं सीखें, इनका अभ्यास शुरू करें।

कुछ आरंभिक योग मुद्राएं: विशेषज्ञ के निर्देशानुसार कुछ सरल योग मुद्राओं के साथ अभ्यास शुरू करें। इनमें शामिल हैं : बालासन, डाउनवार्ड फेसिंग डॉग या अधोमुख श्वानासन, अपवर्ड फेसिंग डॉग या ऊर्ध्वमुख श्वानासन, कोबरा या भुजंगासन, ब्रिज या सेतुबंध सर्वांगासन, चेयर पोज या उत्कटासन, वॉरियर वन या वीरभद्रासन-1, वॉरियर टू या वीरभद्रासन-2। सकारात्मक सोच और एकाग्रता के साथ आप योगाभ्यास शुरू करेंगी तो अनेक शारीरिक और मानसिक लाभ प्राप्त होंगे।

बरतें ये सावधानियां: अगर आप किसी बीमारी से ग्रस्त हैं या हाल में किसी बीमारी से उबरी हैं। आपकी कोई सर्जरी हुई है या किसी तरह का फ्रैक्चर हुआ है तो आपको योगाभ्यास से बचना चाहिए। ऐसी कंडीशन में एक्सपर्ट से परामर्श के बाद ही योगाभ्यास शुरू किया जा सकता है। योगाभ्यास करने के बाद कोई अन्य व्यायाम न करें। ज्यादा गरम, ठंडे या नमी वाले मौसम में योग अभ्यास न करें।

प्रस्तुति-आभा यादव
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